
दुर्ग |
दुर्ग जिले में सूदखोरी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना पदमनाभपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने सूदखोरी और अवैध वसूली करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 11 चेकबुक, इकरारनामा और साहूकारी लाइसेंस जप्त किया है।
पुलिस के अनुसार, 27 जनवरी 2026 को थाना पदमनाभपुर में एक प्रार्थी ने लिखित आवेदन देकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। प्रार्थी ने बताया कि स्वास्थ्य खराब होने के कारण उसने आरोपी हरीश पारख से 1 लाख 60 हजार रुपये उधार लिए थे। आरोपी द्वारा उक्त राशि पर 10 प्रतिशत ब्याज वसूला जाता था और समय पर भुगतान नहीं होने पर रकम दोगुना कर दी जाती थी।
प्रार्थी ने आरोपी को अब तक 3 लाख 20 हजार रुपये मूलधन और ब्याज के रूप में वापस कर दिए थे, इसके बावजूद आरोपी ने अवैध रूप से प्रार्थी से स्टेट बैंक शाखा के 11 चेकों पर हस्ताक्षर करवा लिए और 22 लाख रुपये की मांग करने लगा। आरोपी की धमकी और अवैध वसूली से परेशान होकर प्रार्थी ने थाना पदमनाभपुर में शिकायत दर्ज कराई।
मामले में थाना पदमनाभपुर में अपराध क्रमांक 89/2026 धारा 296, 351(2), 308(2) बीएनएस एवं धारा 4 कर्जा अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई। विवेचना के दौरान आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जिसमें उसने 1 लाख 60 हजार रुपये उधार देने, 11 खाली चेक पर हस्ताक्षर कराने, इकरारनामा बनवाने और 22 लाख रुपये की मांग करने की बात स्वीकार की।
पुलिस ने 29 जनवरी 2026 को आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।
गिरफ्तार आरोपी का विवरण:
हरीश पारख, पिता स्व. मोहनलाल पारख, उम्र 60 वर्ष
निवासी – HIG 1/79, न्यू बोरसी, दुर्ग