
दुर्ग। दुर्ग-भिलाई शहर में पान दुकानों और डेली निड्स की दुकानों में चोरी-छिपे हुक्का पिलाने और तंबाकू युक्त नशीली सामग्री बेचने की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए 8 जुलाई को पुलिस द्वारा विशेष अभियान चलाया गया। लगातार मिल रही सूचनाओं को ध्यान में रखते हुए जिले के विभिन्न थाना व चौकी क्षेत्रों में कार्रवाई की गई, जिसमें सात आरोपियों के विरुद्ध कोटपा एक्ट के तहत अपराध दर्ज करते हुए बड़ी मात्रा में हुक्का सामग्री जब्त की गई।
अभियान के तहत मोहन नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत स्टेशन रोड दुर्ग स्थित एसएसडी डेली निड्स दुकान में संचालक रोहित जसवानी (34 वर्ष), सिंधी कॉलोनी दुर्ग द्वारा दुकान में अवैध रूप से इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट, हुक्का पार्ट्स एवं तंबाकू युक्त फ्लेवर की सामग्री रखकर बाहर युवाओं को सप्लाई करना पाया गया। दुकान की तलाशी में 3.52 लाख रुपये मूल्य की सामग्री जब्त की गई।

इसी प्रकार भिलाई नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत सिविक सेंटर स्थित गुलेरी पान दुकान के संचालक अंकित उपाध्याय, निवासी मैत्रीकुंज, रिसाली नेवई द्वारा अपने पान ठेले से चोरी-छिपे ग्राहकों को हुक्का पिलाया जा रहा था। मौके पर तलाशी में अबजल कंपनी के तंबाकू फ्लेवर के 25 पैकेट, हुक्का पार्ट्स एवं अन्य सामग्री बरामद की गई, जिसे जब्त करते हुए पंचनामा तैयार किया गया।

सुपेला थाना क्षेत्र के नेहरू नगर स्थित प्यूमेल डेली निड्स दुकान के संचालक हरिश तलरेजा द्वारा भी अवैध रूप से हुक्का पिलाया जाना पाया गया।
चौकी स्मृतिनगर क्षेत्र के वंश पान पैलेस के संचालक कैलाश धनकुटे (43 वर्ष), मॉडल टाउन स्मृतिनगर, कैलाश डेली निड्स के संचालक कैलाश बिसाई (27 वर्ष), कोहका सुपेला, लक्की चंदानी (42 वर्ष), कादम्बरी नगर दुर्ग एवं लक्ष्मीकांत दुबे (53 वर्ष), जुनवानी स्मृतिनगर द्वारा भी अपनी दुकानों से लोगों को तंबाकू युक्त हुक्का पिलाया जा रहा था।
कार्रवाई के दौरान सभी आरोपियों को नोटिस देकर वैध कागजात या लाइसेंस प्रस्तुत करने के लिए कहा गया, लेकिन कोई दस्तावेज पेश नहीं किया गया। पुलिस ने सभी दुकानों से हुक्का, इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट, फ्लेवर तंबाकू, हुक्का पार्ट्स और अन्य संबंधित सामग्री को विधिवत जप्त करते हुए सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम की धारा 4(क), 21(क) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया। साथ ही संबंधित धाराओं में प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई।

इस अभियान में थाना मोहन नगर, भिलाई नगर, सुपेला, स्मृतिनगर चौकी और एसीसीयू टीम की संयुक्त भूमिका रही, जिन्होंने समन्वित कार्रवाई कर अवैध गतिविधियों पर लगाम लगाई।