
गाजियाबाद । गाजियाबाद के मोदीनगर स्थित जगतपुरी कॉलोनी में गुरुवार शाम को एक दिल दहला देने वाली घटना घटी। नौवीं कक्षा की 16 वर्षीय छात्रा पर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
छात्रा की दया की गुहार भी नाकाम
हमलावर की पहचान 35 वर्षीय शौकीन के रूप में हुई, जो छात्रा के पिता का करीबी दोस्त था। वारदात के दौरान छात्रा ने रोते हुए विनती की—
“प्लीज अंकल, मुझे छोड़ दो… मैं आपकी बेटी जैसी हूँ…”
लेकिन दरिंदे ने उसकी एक न सुनी और लगातार हमला करता रहा।
सीसीटीवी में कैद हुआ खौफनाक मंजर
यह घटना सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई, जिसमें साफ देखा जा सकता है कि छात्रा जान बचाने के लिए भाग रही थी, लेकिन हमलावर ने उसका पीछा किया और निर्दयता से तलवार से वार करता रहा।
इलाके में तनाव, आरोपी को भीड़ ने पकड़कर पीटा
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने हिम्मत दिखाते हुए शौकीन को पकड़ लिया और उसकी जमकर पिटाई की। भागने की कोशिश कर रहे आरोपी को पुलिस के हवाले कर दिया गया।
हमलावर और पीड़िता के अलग-अलग समुदायों से होने के कारण इलाके में सांप्रदायिक तनाव भी फैल गया। हिंदू युवा वाहिनी के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग की।
छात्रा की हालत नाजुक, परिवार सदमे में
गंभीर रूप से घायल छात्रा को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक, उसकी गर्दन, सिर और शरीर पर कई गंभीर चोटें आई हैं, जिससे उसकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई है।
क्या बदलेगा हालात, या फिर दोहराए जाएंगे ऐसे जघन्य अपराध?
इस वारदात ने एक बार फिर महिलाओं और लड़कियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। समाज में विश्वासघात, नशा और हिंसा किस कदर बढ़ चुके हैं, यह घटना उसकी भयावह तस्वीर पेश करती है।
पुलिस मामले की जांच कर रही है, लेकिन सवाल उठता है—
क्या प्रशासन और समाज मिलकर ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम उठाएंगे? या फिर बेटियों की चीखें यूं ही दरिंदों के हाथों दबा दी जाएंगी?