
भिलाई । नेवई थाना अंतर्गत ज्वेलरी संचालक के साथ 18.71 लाख रुपए की अमानत में खयानत का मामला सामने आया है। दरअसल संचालक की दुकान पर काम करने वाले व्यक्ति का रिश्तेदार बनकर उससे मेलजोल बढ़ाई। इसके बाद खुद को मंत्रालय कर्मी बताकर उसे प्रभावित कर दिया। इस बीच 10 लाख का चेक 18.71 से ज्यादा के गहने ले गए। चेक को कैश कराने पर पता चला कि उसमें पैसे ही नहीं है।
नेवई पुलिस ने बताया कि दया नगर रिसाली निवासी हेमंत कुमार सोनी का रिसाली बस्ती में लक्ष्मी ज्वेलर्स की शॉप है। शांति नगर सडक 05 मकान नंबर 374 थाना वैशाली नगर निवासी विवेक शर्मा नामक युवक दुकान कर्मचारी का परिचय वाला था। इसके चलते उसका दुकान आना-जाना लगा रहता था। इस बीच उससे मुकालात के दौरान आरोपी विवेक शर्मा ने खुद को मंत्रालय का कर्मी बताया। इसके बाद उसने साली की शादी के लिए गहने की खरीदने की बात कही। पांच महीने पहले 13 मई की शाम गहने खरीदने पहुंच गया।
इस दौरान सोने का जेवर 18 लाख 71 हजार 282 रुपए का खरीदी कर उसे 10 लाख रुपए का चेक दिया। शेष रकम को 25 मई को देने का आश्वासन दिया था लेकिन उक्त चेक को जब खाते में जमाकर पीडित गया तो खाते में रकम नहीं होने की जानकारी बैंक वालों ने दी। हेमंत ने जब विवेक शर्मा इसके बारे में जानकारी देने पर अलग अलग बैक के दोबारा तीन चेक दिया। उसमें भी राशि नहीं था लगातार सोना खरीदने के बाद विवेक संचालक को घूमाता रहा। विवेक ने संचालक के साथ रुपए न देकर अमानत में खयानत किया है। रिपोर्ट पर पुलिस मामले में आरोपी के खिलाफ धारा 420, 406 के तहत जुर्म दर्ज किया है।