
भिलाई.
पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंज द्वारा जिला दुर्ग के द्वारा पुलिस कंट्रोल रूम सेक्टर 6 के सभागार में सभी राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशों के अक्षरशः पालन हेतु विशेष निर्देश दिए गए, जिसमे गौ तस्करी के मामलों पर तुरंत कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं।

बैठक में पुलिस अधीक्षक दुर्ग जितेन्द्र शुक्ला सहित राजपत्रित अधिकारी से कई अहम मुद्दों पर चर्चा की गई और आगामी कार्यों के संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए गए।सभी अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे क्षेत्र में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु पूरी प्रतिबद्धता से कार्य करें। मीटिंग में एएसपी सुखनंदन राठौर, वेद व्रत सिरमौर, रिचा मिश्रा, अभिषेक झा, पद्मश्री तंवर सहित जिले के राजपत्रित अधिकारी थाना प्रभारीगण कार्यालयीन स्टाफ उपस्थित रहे।
डीजे बजाने वाले वाहनों पर सख्ती:
हाईकोर्ट एवं एनजीटी के द्वारा जारी किए गए नियमों का पालन कड़ाई से करवाने के निर्देश दिए। सड़कों पर डीजे बजाने वाले वाहनों को लेकर सख्त कार्यवाही कर, इन वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के आदेश दिए गए हैं, जिससे शहर में शांति व्यवस्था बनी रहे।
नशे का कारोबारी खुले में न घूमेंः
आईजी गर्ग ने मीटिंग में कहा कि नशे का कारोबार करने वाला कोई भी व्यक्ति खुले में न घुमे इनके विरूद्ध सख्त कार्यवाही कर नशे की सामग्री बेचने वाला व्यक्ति माल कहा से लाता था इस धंधे से कौन-कौन जुडे है उसकी जानकारी निकालते हुए उनके विरूद्ध सख्ती से कार्यवाही करने का आदेश दिया।
अफसरों से समीक्षा रिपोर्ट मांगीः
सायबर क्राइम के बढ़ते मामलों पर गंभीरता के साथ कार्य कर अपराधियों को पकड़ने हेतु बाहर राज्यों में टीम रवाना करने के निर्देश दिए, साथ ही चिटफंड वाले केस पर कार्यवाही का विवरण, चिन्हित अपराधों पर पुलिस मुख्यालय रायपुर के द्वारा जारी किए गए निर्देशों का पालन करने, प्रतिबंधात्मक एवं लघु अधिनियम पर बाउंड ओवर की कार्रवाई करने, रात की चोरी और नकबजनी पर बाइक पेट्रोलिंग में जिओ ट्रैकिंग के माध्यम से गजेटेड ऑफीसरों को समीक्षा रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए।
थाना प्रभारियों की जिम्मेदारी तयः
पुलिस महानिरीक्षक ने सभी अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को मातहत कर्मचारियों की गतिविधियों पर निगाह रखने की समझाइश दी और कहा के किसी भी कर्मचारी के कदाचरण की रिपोर्टिंग न करने पर उनकी भी जिम्मेदारी तय की जाएगी।