
Durg । पंडवानी कलाकार पद्म विभूषण डॉ. तीजन बाई के इलाज के खर्च को लेकर परेशानी की खबर सामने आने के बाद शासन-प्रशासन ने सुध ली है।
डॉ. तीजन बाई करीब डेढ़ साल से लकवा की शिकार होने के बाद से बिस्तर पर ही हैं। दो महीने पहले ब्लड प्रेशर बढ़ने की वजह से बंद हुई उनकी फीजियोथैरेपी दोबारा शुरू नहीं हो सकी है।

उनकी देखभाल करने वाली उनकी बहन रम्भा की बहू वेणु देशमुख ने बताया था कि उनके इलाज में होने वाले खर्च को लेकर परेशान हैं। पेंशन के नाम पर पद्मविभूषण डॉ. तीजन बाई को केंद्र सरकार से 4 हजार 3 सौ 66 रुपये मिलते हैं।
ऐसे में इलाज में होने वाला खर्च तीजन बाई की जमा पूंजी से किया जा रहा है। वहीं परिवार की आर्थिक स्थिति भी बहुत अच्छी नहीं है। ऐसे समय में तीजन बाई के बीमार पड़ते ही उन लोगों ने भी किनारा कर लिया, जो कभी उनके बुलंदियों के दिनों में साथ हुआ करते थे।
अब शासन-प्रशासन ने सुध ली है और संस्कृति विभाग के अधिकारी उनका हाल जानने पहुंचे हैं। दुर्ग कलेक्टर रिचा प्रकाश चौधरी ने परिजनों से इलाज के खर्च को लेकर पुनः आवेदन मंगाया है।