
दुर्ग पुलिस ने साइबर अपराध, नशे के दुष्प्रभाव और महिला सुरक्षा को लेकर मैत्री डेंटल कॉलेज अंजोरा में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर 15 अगस्त से 2 अक्टूबर तक चल रहे “साइबर जागृति अभियान” के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों और नागरिकों को साइबर ठगी से बचने के जरूरी उपाय बताए गए।

कार्यक्रम में पुलिस ने समझाया कि किसी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, पासवर्ड या बैंकिंग से जुड़ी गोपनीय जानकारी साझा न करें। संदिग्ध लिंक, APK फाइल और अनजान WhatsApp वीडियो कॉल से भी सावधान रहने की अपील की गई। ऑनलाइन वित्तीय ठगी होने पर तत्काल 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की जानकारी दी गई।
इसके साथ ही नशे के दुष्प्रभावों को लेकर जागरूक करते हुए लोगों को नशे से दूर रहने और नशा मुक्त समाज बनाने का संकल्प दिलाया गया। नशे से संबंधित सहायता के लिए 1933 हेल्पलाइन की जानकारी भी दी गई।
कार्यक्रम में महिला सुरक्षा और आत्मरक्षा को लेकर भी विशेष जागरूकता दी गई। महिलाओं और बालिकाओं को आत्मरक्षा के प्रति प्रोत्साहित करने के लिए कराटे और विभिन्न आत्मरक्षा तकनीकों का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया।
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से साइबर अपराधों के प्रति सतर्क रहने, गोपनीय जानकारी साझा नहीं करने और ठगी होने पर बिना देरी 1930 पर शिकायत करने की अपील की है। अभियान का संदेश है— “मैं जागरूक हूँ, साइबर क्राइम से मुक्त हूँ” और “नशा छोड़ें, ज़िंदगी जोड़ें।”