
भिलाई। सुंदर नगर कैम्प 1 क्षेत्र में कथित अवैध चर्च निर्माण को लेकर एक बार फिर विवाद गहरा हो गया है। क्षेत्रवासियों ने आरोप लगाया है कि भिलाई नगर निगम (जोन-03) द्वारा कार्यालयीन पत्र क्रमांक GENS-21/1684/2026 के तहत कई बार नोटिस जारी किए जाने के बावजूद संबंधित पक्ष द्वारा दोबारा निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है और भवन के सामने शटर भी लगा दिया गया है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि संबंधित व्यक्तियों द्वारा खुलेआम दबंगई दिखाई जा रही है तथा प्रशासनिक कार्रवाई का कोई भय नहीं है। रहवासियों का आरोप है कि संबंधित लोग अपने प्रभाव और आर्थिक ताकत का हवाला देकर कार्रवाई से बचने की बात करते हैं।
शिकायतकर्ताओं ने यह भी आरोप लगाया है कि एम. रहमान और एस. बालाराजू स्वयं को फादर बताते हैं, जबकि उनके पास फादर होने का कोई वैध धार्मिक प्रमाण नहीं है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि पहले से चर्च मौजूद होने के बावजूद एक अन्य भवन का विस्तार किया जा रहा है, जिसका उपयोग कथित रूप से धर्मांतरण गतिविधियों के लिए किए जाने की आशंका है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर ढीले रवैये का आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश में अवैध मंदिरों और मदरसों पर कार्रवाई की गई है, ऐसे में इस मामले में भी समान रूप से कानून का पालन कराया जाना चाहिए।
क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाए तथा यदि निर्माण अवैध पाया जाता है तो उसे नियमानुसार हटाया जाए।
(नोट : समाचार में लगाए गए सभी आरोप शिकायतकर्ताओं और क्षेत्रवासियों के हैं। इनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।)