
दुर्ग । अंजोरा चौकी क्षेत्र में तीन महीने पहले हुई डकौती को अंजाम देने वाले आरोपियों को पुलिस ने दबोच लिया है। आरोपियों ने रसमड़ा निवासी टिंबर व्यापारी दिलीप मिश्री और उनकी पत्नी को बंधक बनाकर घर से 20 लाख रुपए का सोना-चांदी के गहने समेत 26 हजार रुपए की नकदी ले गए थे। प्रकरण में पुलिस ने आरोपी समेत डकैती का सामान खरीदने वालों को भी गिरफ्तार कर लिया है।
एएसपी सुखनंदन राठौर ने बताया कि प्रार्थी दिलीप मिश्रा(52वर्ष) निवासी गनियारी रोड दिलीप टिंबर रसमड़ा ने रिपोर्ट दर्ज कराया कि दिनांक घटना समय 07.08/06/2024 के दरमियानी रात्रि घटना स्थल गनियारी रोड रसमड़ा प्रार्थी का मकान दिलीप टिंबर में अज्ञात पांच नकाबपोश आरोपियों द्वारा प्रार्थी के घर का दरवाजा तोड़कर प्रार्थी व उसकी पत्नी को जान से मारने की धमकी देकर उनके हाथ पैर बांधकर आलमारी तोड़कर उसमें रखे करीबन 35 तोला सोने के जेवरात सोने व नगदी रकम लगभग 26,000 रूपये तथा तीन नग घड़ी जुमला कीमती करीबन 20,00,000 रूपये को लूटकर ले जाने की रिपोर्ट पर धारा सदर का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
घटना को अत्यंत गंभीरता से लेते हुये पुलिस महानिरीक्षक श्रीमान रामगोपाल गर्ग (भापुसे), पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र कुमार शुक्ला (भापुसे) स्वयं घटना स्थल पर जाकर घटना स्थल का निरीक्षण कर आरोपियों की शीघ्र पतासाजी करने के निर्देश प्राप्त हुये थे जिसके परिपालन में अ.पु.अ दुर्ग श्रीमान अभिषेक झा (रापुसे), व नपुञ दुर्ग श्रीमान चिराग जैन (भापुसे) के मार्गदर्शन में उपुअ काईम दुर्ग श्रीमान हेमप्रकाश नायक (रापुसे), के नेतृत्व में निरीक्षक प्रभारी एसीसीयू तापेश्वर नेताम व चौकी प्रभारी अंजोरा उनि रामनारायण सिंह ध्रुव के नेतृत्व में एसीसीयू व चौकी की एक विशेष टीम गठित कर आरोपी पतातलास हेतु लगाया गया था।
500 सीसीटीवी खंगलाने पर आरोपियों का मिला सुराग
टीम के द्वारा घटना का सूक्ष्मता से निरीक्षण किया गया घटना स्थल व घटना स्थल के आने जाने वाले मार्गों में लगे सीसीटीव्ही कैमरों का अवलोकन किया गया, जिसमें घटना को घटित करने पांच आरोपियों के फूटेज प्राप्त हुये जिसके आधार पर आरोपियों के आने जाने के मार्गों रूकने के संभावित स्थानों की तकरीबन पांच सौ से अधिक सीसीटीव्ही कैमरों का अवलोकन किया गया सीसीटीव्ही से प्राप्त फूटेज व तरीका वारदात के आधार पर आरोपियों की पहचान आपराधिक भील गिरोह धार झाबुआ (म.प्र) के आपराधिक भील गिरोह के रूप में सुनिश्चित हुई किंतु स्पष्ट पहचान नामजद न होने से एक विशेष टीम गठित कर डीएसपी काईम के नेतृत्व में धार झाबुआ क्षेत्र में भेजा गया।
एमपी के झबुआ में लगातारा 22 दिनों तक टीम डटी रही
टीम ने 22 दिनो तक कैंप कर सीसीटीव्ही कैमरें फूटेज के आधार पर लगातार पहचान के प्रयास किये जाने के फलस्वरूप मुख्य आरोपी की पहचान गंगू डावर निवासी नरवानी थाना टांडा जिला धार के रूप में हुई जहां थाना टांडा एवं टीम के द्वारा घेराबंदी कर लगातार कई प्रयासों के बाद अंततः भंगू डावर निवासी नरवाली को पकड़ने में सफलता मिली भंगू डावर से पूछताछ करने पर अपने साथी दिलीप, गणपत, गाया, अनिल राठौर, अनिल बघेल के साथ मिलकर ग्राम रसमड़ा में डकैती एवं एनएसपीसीएल रूआंबाधा, खम्हारडीह क्षेत्र रायपुर मे चोरी करना स्वीकार किये अन्य आरोपियों को पकड़ने का काफी प्रयास किये गये जो सकुनत से फरार मिले। डकैती एवं चोरी से मिले माल को भूरसिंह उर्फ भूरिया ग्राम पीपलदल्या थाना टांडा जिला धार म. प्र को बेचना बताये टीम के द्वारा तत्काल पतासाजी कर भूरसिंह उर्फ भूरिया को थाना टांडा क्षेत्र में पकड़ा गया जिसके द्वारा माल मशरूका को अपने स्थानीय सोना चांदी के व्यापारी जैन के पास बेचना बताया जिसकी पत्तातलास जारी है।
