
दुर्ग । नशे के अवैध कारोबार पर शिकंजा कसते हुए एंटी नारकोटिक्स टीम ने दुर्ग बस स्टैंड से एक गांजा तस्कर को गिरफ्तार किया। आरोपी उड़िसा के खरियार रोड से गांजा लेकर मध्य प्रदेश के बैतूल जा रहा था। टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ा और उसके बैग से 12 किलो गांजा बरामद किया, जिसकी अनुमानित कीमत 1.5 लाख रुपये बताई जा रही है।
बार-बार करता था गांजा तस्करी
गिरफ्तार आरोपी धीरज वर्मा (32) मध्य प्रदेश के बैतूल जिले का रहने वाला है। उसने पूछताछ में बताया कि वह पहले भी इसी रूट से दो-तीन बार गांजा तस्करी कर चुका है। आरोपी ने जयपुर से नकली पैर लगवाया है और उसी के सहारे यह अवैध काम करता था। वह और उसकी बहन मिलकर गांजे की पुड़िया बनाकर बैतूल और आसपास के इलाकों में बेचते थे।
दुर्ग बस स्टैंड से हुई गिरफ्तारी
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति, जिसका एक पैर नकली है, बस स्टैंड पर मध्य प्रदेश जाने के लिए बस का इंतजार कर रहा है और उसके पास दो बैग हैं, जिनमें संदिग्ध सामग्री हो सकती है। सूचना के आधार पर टीम ने बस स्टैंड पर घेराबंदी कर उसे पकड़ा। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह उड़िसा से गांजा लाकर बैतूल में बेचता है।

गांजा बेचने की फिराक में था आरोपी
आरोपी के बैग की तलाशी लेने पर छह पैकेट बरामद हुए, जिनमें कुल 12 किलो गांजा था। आरोपी ने बताया कि वह बस के माध्यम से उड़िसा से दुर्ग और फिर बैतूल तक सफर करता था। इस रूट का वह पहले भी इस्तेमाल कर चुका था।
अभियान के तहत की गई कार्रवाई
जिले में नशे के अवैध कारोबार पर लगाम लगाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत एंटी नारकोटिक्स टीम ने यह कार्रवाई की। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 20 के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
इस कार्रवाई में पुलिस टीम के कई अधिकारी और जवान शामिल रहे, जिन्होंने सतर्कता और रणनीति से इस तस्कर को पकड़ने में सफलता हासिल की।
