
दिल्ली । देशभर के करोड़ों राशन कार्ड धारकों के लिए सरकार ने बड़ी राहत का ऐलान किया है। अप्रैल 2026 में लाभार्थियों को एक साथ तीन महीने का मुफ्त राशन दिया जाएगा। इसका मतलब है कि इस बार अप्रैल में ही मई और जून का अनाज भी अग्रिम रूप से मिल जाएगा।
खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी पात्र लोग निर्धारित समय के भीतर अपनी नजदीकी राशन दुकान से अनाज जरूर प्राप्त कर लें, क्योंकि बाद में मौका नहीं मिल सकता।
📌 क्या है पूरा मामला?
सरकार द्वारा यह कदम राशन वितरण को सुचारू और सुविधाजनक बनाने के लिए उठाया गया है। आमतौर पर हर महीने अलग-अलग राशन मिलता है, लेकिन इस बार लाभार्थियों को एक साथ तीन महीने का कोटा दिया जाएगा, जिससे बार-बार दुकान जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
🛑 किस योजना के तहत मिल रहा लाभ?
यह सुविधा प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (PMGKAY) के अंतर्गत दी जा रही है। इस योजना की शुरुआत कोरोना महामारी के समय गरीब और जरूरतमंद परिवारों को राहत देने के लिए की गई थी।
बाद में सरकार ने इसे जारी रखते हुए 2024 से 2029 तक मुफ्त राशन देने का फैसला किया, ताकि कमजोर वर्ग को लगातार खाद्य सुरक्षा मिलती रहे।
⚖️ पहले क्या व्यवस्था थी?
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत पहले राशन बहुत कम कीमत पर दिया जाता था:
▪️ चावल – ₹3 प्रति किलो
▪️ गेहूं – ₹2 प्रति किलो
▪️ मोटा अनाज – ₹1 प्रति किलो
लेकिन अब सरकार इसे पूरी तरह मुफ्त दे रही है, जिससे गरीब परिवारों का खर्च और कम हुआ है।
📊 किसे कितना राशन मिलेगा?
▪️ अंत्योदय अन्न योजना (AAY) परिवारों को – हर महीने 35 किलो (अब 3 महीने का एक साथ)
▪️ प्राथमिकता परिवार (PHH) – प्रति व्यक्ति 5 किलो हर महीने
👥 कितने लोग उठा रहे फायदा?
देशभर में इस योजना का दायरा काफी बड़ा है:
▪️ करीब 20.55 करोड़ राशन कार्ड
▪️ लगभग 80 करोड़ लाभार्थी
सरकार के अनुसार, यह दुनिया की सबसे बड़ी खाद्य सुरक्षा योजनाओं में से एक है।
💻 डिजिटल सिस्टम से पारदर्शिता
राशन वितरण प्रणाली को अब पूरी तरह डिजिटल बना दिया गया है:
▪️ 100% राशन कार्ड डिजिटल
▪️ 99% से ज्यादा आधार लिंक
▪️ 98% से ज्यादा वितरण बायोमेट्रिक सत्यापन से
इससे फर्जीवाड़ा कम हुआ है और सही लोगों तक राशन पहुंच रहा है।
🎯 सरकार का उद्देश्य
सरकार का लक्ष्य है कि देश के गरीब और जरूरतमंद परिवारों को भोजन की चिंता से मुक्त किया जा सके। यह योजना न सिर्फ आर्थिक मदद देती है, बल्कि समाज में स्थिरता और सुरक्षा भी सुनिश्चित करती है।
अप्रैल में तीन महीने का राशन एक साथ मिलने से लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।